Inside Stories From Captain Amrinder Singh Oath Ceremony – कैप्टन अमरिंदर के शपथ समारोह में पाकिस्तान से आई दोस्त, उखड़े दिखे सिद्धू



Inside Stories From Captain Amrinder Singh Oath Ceremony

पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह के शपथ ग्रहण समारोह से जुड़ी ऐसी कई कहानियां सामने आ रहीं हैं जो राजनीतिक गलियारों में चर्चा का विषय बनी हुई हैं. इन कहानियों में अमरिंदर का ठीक 10 बजकर 17 मिनट पर शपथ लेना, समारोह में पूर्व सीएम प्रकाश सिंह बादल का न आना, कैप्टन की पाकिस्तानी दोस्त आरूसा आलम और सिद्धू की नाराज़गी के चर्चे सबसे ज्यादा हैं.
क्या ज्योतिषी से पूछकर अमरिंदर ने ली शपथ!

Image Source: PTI

इस शपथ समारोह की सबसे चर्चित बात रही कैप्टन अमरिंदर सिंह का ठीक 10 बजकर 17 मिनट पर शपथ लेना. 10 बज कर 17 मिनट पर शपथ लेने के पीछे क्या खास बात रही ये तो किसी को नहीं मालूम लेकिन कैप्टन अमरिंदर सिंह की पत्नी परनीत कौर और कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि अगर कैप्टन अमरिंदर सिंह ने ज्योतिष या किसी धर्म के मुताबिक कोई शुभ मुहूर्त तय करके शपथ ली है तो आखिरकार इसमें गलत बात ही क्या है.
नहीं पहुंचा बादल परिवार
कैप्टन अमरिंदर सिंह के शपथ ग्रहण समारोह से पंजाब के पूर्व सीएम प्रकाश सिंह बादल और उनके पुत्र अकाली दल प्रधान सुखबीर बादल भी नदारद रहे. प्रकाश सिंह बादल की तरफ से ये जानकारी दी गई कि उनकी तबीयत ठीक नहीं है और इसी वजह से वो शपथ ग्रहण समारोह में शामिल नहीं हो सके.
हालांकि असलियत ये है कि इससे पहले जब लगातार दो बार 2007 और 2012 में प्रकाश सिंह बादल ने बतौर पंजाब के सीएम शपथ ली थी तो उस दौरान कैप्टन अमरिंदर सिंह भी नदारद रहे थे और ये राजनीतिक दूरियां इस बार कैप्टन अमरिंदर सिंह के शपथ ग्रहण समारोह में भी दिखाई दी. कांग्रेस नेताओं ने कहा कि प्रोटोकॉल के तहत पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल को शपथ ग्रहण समारोह के लिए न्यौता भेजा गया था और उनको शपथ ग्रहण समारोह में शिरकत भी करनी चाहिए थी लेकिन इसके बावजूद वो नदारद रहे और ये साबित करता है कि किस तरह से उनके मन में राजनीतिक द्वेष भरा हुआ है.
पाकिस्तान से आई अमरिंदर की दोस्त आरूसा आलम
कैप्टन अमरिंदर सिंह के शपथ ग्रहण समारोह में सबका ध्यान अपनी और खींचते हुए चर्चा का विषय बनी उनकी पाकिस्तानी मित्र आरूसा आलम. आरूसा आलम और कैप्टन अमरिंदर सिंह की नजदीकियां जगजाहिर है लेकिन आज खुले तौर पर और आरूसा शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुई और शपथ ग्रहण के बाद उन्होंने भरोसा जताया कि कैप्टन अमरिंदर सिंह की सरकार ना सिर्फ पंजाब के हित में काम करेगी बल्कि भारत-पाकिस्तान के बीच की दूरियों को कम करने में भी कैप्टन अमरिंदर सिंह की सरकार अहम रोल अदा करेगी. आरुसा आलम ने कैप्टन अमरिंदर सिंह को उनके नए कार्यकाल के लिए शुभकामनाएं भी दी.
सिद्धू दिखे उखड़े-उखड़े
कैप्टन अमरिंदर सिंह के शपथ ग्रहण समारोह में एक और हैरान करने वाली तस्वीर देखने को मिली. नवजोत सिंह सिद्धू ने शपथ तो ग्रहण की लेकिन शपथ ग्रहण के दौरान वो काफी उखड़े-उखड़े दिखाई दिए. मंच पर शपथ ग्रहण करने आए सिद्धू ने कैप्टन अमरिंदर सिंह को अभिवादन नहीं किया, शपथ ग्रहण की और मंच से नीचे उतरने लगे, लेकिन इसी दौरान खुद ही कैप्टन अमरिंदर सिंह ने अभिवादन के लिए हाथ उठा दिया जिसके बाद सिद्धू ने आकर कैप्टन से पैर छूकर आशीर्वाद लिया.
शपथ ग्रहण के बाद भी नवजोत सिंह सिद्धू उखड़े-उखड़े से दिखाई दिए और मीडिया के सवालों पर उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया कि बतौर मंत्री वो पंजाब के लोगों के लिए क्या करने वाले हैं और क्या सोच उनकी रहेगी. तमाम सवालों पर नवजोत सिंह सिद्धू ने अजीब सी चुप्पी साधे रखी. इन तस्वीरों को देखकर साफ हो गया की डिप्टी सीएम का पद ना मिलना सिद्धू को नाखुश कर गया है.
लालबत्ती कल्चर का होगा खात्मा
पंजाब विधानसभा चुनाव के दौरान कांग्रेस ने अपने मेनिफेस्टो में ये वादा किया था कि सत्ता में आते ही वो लाल बत्ती और VIP कल्चर को खत्म करेगी. कैप्टन अमरिंदर सिंह ने अपने शपथ ग्रहण समारोह को सादा रखकर ये संदेश देने की कोशिश भी की. साथ ही शपथ ग्रहण के बाद कैप्टन अमरिंदर सिंह की कैबिनेट के मंत्रियों ने भी VIP कल्चर खत्म करने और लाल बत्ती से दूरी बनाने के लिए कदम उठाने शुरू कर दिए.
पंजाब सरकार में वित्त मंत्री बनने जा रहे मनप्रीत बादल ने तो सरकारी गाड़ी लेने से इंकार कर दिया तो वहीं एक और कैबिनेट मंत्री चरणजीत चन्नी ने सरकारी गाड़ी मिलते ही उस पर लगी लाल बत्ती को उतरवा दिया और कहा कि इस सरकार की कोशिश रहेगी कि वो सादे तरीके से सत्ता चलाएं और लोगों को संदेश दे कि ये साधारण लोगों की सरकार है.